बहुदलीय प्रणाली के गुण तथा दोष
x

बहुदलीय प्रणाली के गुण तथा दोष ?

1.बहुदलीय प्रणाली के गुण-

1-बहुदलीय प्रणाली नागरिकों को कई राजनीतिक दलों का सहयोग प्राप्त होता है इसलिए इस पद्धति के अंतर्गत नागरिकों को मत प्रदर्शन का अधिक अवसर मिलता है इस प्रकार इसमें विभिन्न मतों को प्रतिनिधित्व का अवसर मिलता है।

2-इस पद्धति में राजनीतिक दलों की संख्या अधिक होने के कारण नागरिकों को व्यवस्थापिका मैं अधिकतम प्रतिनिधित्व मिल सकता है।

3-इस व्यवस्था में नागरिकों को विभिन्न दलों से संपर्क रहता है इसलिए नागरिकों को राजनीतिक दृष्टिकोण अधिक विकसित एवं व्यापक रहता है‌।

4-बहुदलीय प्रणाली में अनेक दल अपनी अपनी सत्ता स्थापित करने का प्रयास करते रहते हैं सत्ता प्राप्ति के पश्चात शेष बचे विरोधी दल होने से किसी भी दल की निरंकुशता स्थापित नहीं हो पाती है।

बहुदलीय प्रणाली के गुण तथा दोष
x
बहुदलीय प्रणाली के गुण तथा दोष

2-बहुदलीय प्रणाली के दोष-

1-बहुदलीय पद्धति से राजनीतिक दलों की संख्या अधिक होने के परिणाम स्वरूप मिश्रित सरकारें बनती है भारत में 1990 के उपरांत किसी भी दल को लोकसभा से पूर्ण बहुमत प्राप्त नहीं हुआ है गठबंधन की सरकार का निर्माण हुआ है इसलिए सरकार प्राय निर्बल और अस्थिर होती है।

free online mock test

2-बहुदलीय पद्धति के कारण शासन की बागडोर विभिन्न दलों के मिश्रित मंत्रिमंडल के हाथों में रहती है इसलिए बहुत दलीय पद्धति में शासन की एकरूपता का अभाव पाया जाता है।

3-बहुदलीय पद्धति में मंत्रिमंडल दीर्घकाल तक नहीं रह पाते हैं अतः अपने अल्प काल में वे दीर्घकालीन योजनाओं का निर्माण करने में असफल रहते हैं इसलिए कहा जाता है कि बहुत दलीय पद्धति में दीर्घकालीन योजनाओं का अभाव पाया जाता है।

4-बहुदलीय शासन पद्धति में किसी भी दल को अपनी ओर से शासन पर अपना प्रभुत्व स्थापित करने का अवसर नहीं मिलता है विभिन्न दल अपने हितों की पूर्ति करने में लगे रहते हैं और जनता को विचलित कर के अपने स्वार्थों की पूर्ति करते हैं इसलिए बहुत दलीय पद्धति में लोक कल्याण की उपेक्षा की जाती है।

5-अनेक राजनीतिक दल हो जाने के कारण नागरिकों में किसी एक कुशल नेता का प्रभाव नहीं रह पाता है क्योंकि विभिन्न दल अपने-अपने हितों की सुरक्षा करने में संलग्न रहते हैं कोई भी एक ऐसा नेता नहीं हो पाता है जो संपूर्ण राष्ट्र के नागरिकों एकता के सूत्र में बांध सकें इसलिए बहुदलीय पद्धति में नेता के प्रभाव का अभाव भी रहता है।

1. बहुत दलीय प्रणाली का एक गुण बताइए।

इस पद्धति में राजनीतिक दलों की संख्या अधिक होने के कारण नागरिकों को व्यवस्थापिका मैं अधिकतम प्रतिनिधित्व मिल सकता है।

Read more – स्टील और स्टेनलेस स्टील के बीच क्या अंतर है?

Read more – ऊर्जा के प्रमुख स्रोतों का वर्णन कीजिए।

Read more – ऊर्जा संरक्षण क्यों आवश्यक है?

Read more- जनसंख्या वृद्धि के महत्वपूर्ण घटकों की व्याख्या करें।

read more – औद्योगिक क्रांति से क्या लाभ है?

read more – फसल चक्र से क्या समझते हैं ?

One thought on “बहुदलीय प्रणाली के गुण तथा दोष ?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *