विदेश व्यापार के मुख्य दोष(हानियां)बताइए-

विदेश व्यापार के प्रमुख दोष (हानियां) निम्नलिखित है- 1-कच्चे माल की शीघ्र समाप्ति- विदेश व्यापार के कारण निर्मित वस्तुओं/प्राथमिक वस्तुओं की मांग में अत्याधिक वृद्धि हो जाती हैं। जिससे कुछ देशों में कच्चे माल, मुख्य तो खनिज पदार्थों के भंडार शीघ्र समाप्त हो जाते हैं। 2-घरेलू उद्योगों को हानि- कभी-कभी विदेशी प्रतियोगिता घरेलू (स्वदेशी) उद्योगों […]

विदेश व्यापार का अर्थ-

1-विदेशी व्यापार की परिभाषाए प्रो. बेस्टेबिल- ‘सामाजिक विज्ञान की दृष्टि कोण से अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार विभिन्न समुदाओं के बीच होने वाला व्यापार है अर्थात् यह उन विभिन्न सामाजिक संगठनों के बीच होने वाला व्यापार है, जिन्हें समाजशास्त्र अपने अन्वेषण का क्षेत्र मानता है।’ फेडरिक लिस्ट- ‘आंतरिक व्यापार हमारे बीच है तथा विदेशी व्यापार हमारे और उनकें ;दूसरे देशों […]